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(फिरोज अहमद) लक्सर। लक्सर विकासखंड के कुड़ी हबीबपुर गांव में स्वजल विभाग द्वारा 15 साल पहले ग्रामीणों को साफ पानी देने के लिए लाखों रुपए की कीमत से टंकी का निर्माण कराया गया था। लेकिन 15 साल बीत जाने के बाद भी आज तक ग्रामीणों को उचित पेयजल की व्यवस्था नहीं हो पाई। वही ग्रामीणों को स्वच्छ पानी ना मिलने के कारण बीमारी का खतरा भी मंडराने लगा है दूषित पानी पीने से यहां के अधिकतर गांव वाले बीमार हैं।लगभग 5 हजार की आबादी वाले इस गांव में दूषित पानी होंने के चलते ग्रामीणों की मांग पर स्वजल विभाग द्वारा ओवरहैड़ टैंक का निर्माण कराया गया था। गांव की सड़कों  गलियों में बदस्तूर पाइप लाइन बिछाने का कार्य भी किया गया।
   देखें वीडियो: क्या कहा ग्रामीण महिला ने
उसके बाद लक्सर विकासखंड के कर्मचारी तथा स्वजल विभाग के अधिकारी ग्रामीणों को स्वच्छ पानी दिलाने के बजाय पानी के ओवर टैंक को छोड़कर अपना पल्ला झाड़ कर चलते बने। वही ग्रामीणों का कहना है कि हमने स्वच्छ पानी की मांग को लेकर स्वजल विभाग से लेकर शासन प्रशासन के आलाधिकारियों से पानी की टंकी सुचारू करने की गुहार लगाई, लेकिन आज तक कोई संज्ञान नहीं लिया गया, जिससे सभी ग्रामीण दूषित पानी पीने को मजबूर हैं। 
  देखें वीडियो: पूरन सिंह राणा एसडीएम लक्सर
साथ ही स्वजल विभाग द्वारा ओवरहैड़ टैंक का निर्माण करने के लिए विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों ने सरकार के पैसे को जमकर लूटा है। पानी की टंकी को कागजो के अभिलेखों में दर्शाया गया है। लेकिन धरातल पर कुछ नहीं है। कई बार शिकायत करने के बाद भी स्वजल विभाग व जिम्मेदार अधिकारी आज तक मौन बने हुए है। जहां सरकार स्वच्छता के नाम पर करोड़ों रुपए खर्च कर रही है वहीं सरकार के मुलाजिम ही लकसर विकासखंड के कुड़ी हबीबपुर में पानी की टंकी को कागजों के अभिलेखों में चालू दिखाकर सरकार को ही पलीता लगाकर लाखों रुपए डकारने का काम कर रहे हैं ऐसे में देखना होगा कि गांव वालों को स्वच्छ पेयजल की सुविधा आखिरकार कब तक मिल पाएगी या यूं ही शोपीस बनकर रह जाएगा लाखों रुपए की कीमत से बना यह ओवरहैड़ टैक, वहीं जब हमने इस मामले को लेकर उपजिलाधिकारी से बात की तो उन्होंने कहा आपके माध्यम से ही पता चला है कि 15 साल पहले टंकी का निर्माण कराया गया था जिसकी जांच की जाएगी, उन्होंने कहा कि अगर किसी की तरफ से अनियमितता पाई गई तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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