हरिद्वार की गूंज (24*7)
(रजत चौहान) हरिद्वार। भूपतवाला में आयोजित स्वामीविवेकानंद जनहित ट्रस्ट की एक बैठक में गंगापुत्र स्वामी सानंद के शरीर छोड़ने पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए यह निर्णय लिया कि जिस विषय (गंगा संरक्षण) पर संस्था पूर्व के 4 वर्षों से कार्य कर रही है उसे अब युद्ध स्तर से चलाया जाएगा। ट्रस्ट के सचिव गौतम खट्टर ओर बैठक की अध्यक्षता करते हुए आदित्य राणा ने अवगत करवाया की संस्था ने पूर्व से ही सरकार के समक्ष गंगा संरक्षण पर कानून बनाने, गंगा रक्षा फ़ोर्स का गठन करने और सभी नालो की जल्द टेपिंग के लिए कई बार पत्र लिखे उन्होंने बताया कि एक आर टी आई के अनुसार जो नाले सरकार के अभिलेखों में टेप है जबकि ऐसा है नही। भूपतवाला में लोकनाथ घाट में जाने वाला नाला जो कि सरकारी अभीलेखों में टेप है लेकिन पास की गंगधार में इसका गंदा पानी आज भी जाता है। इसके लिए कई बार जिलाधिकारी सहित मुख्यमंत्री और अधिशासी अभियंता को इसकी जानकारी दी विभाग को जानकारी देने के बाद कुछ समय तो पानी रुक जाता है लेकिन इसका कोई स्थायी समाधान नही होता है। ट्रस्ट के संस्थापक अध्यक्ष हिमांशु सरीन के अनुसार स्वामी की मृत्यु अत्यंत पीड़ादायी है और इस पीड़ा को कांग्रेस या भाजपा कोई नही समझ सकता हालाकिं इन दोनों दलों ने अपने अपने कार्यकाल में हरकीपौड़ी के जल को नदी घोषित करने में कोई कसर नही छोड़ी ओर तो ओर अपने ही किसी अनुष्ठान ओर पूजा पाठ के लिए खुद भी हरकी पौड़ी आते है। ट्रस्ट के समस्त पदाधिकारी जल्द ही इस विषय पर मुख्यमंत्री और राज्यपाल से मिलकर गंगा में जाने वाले नालो को रुकवाने की मांग रखेंगे। बैठक में अमित, आदित्य यादव, गोविंद, नितिन, बादल, दीपक, मंजू, राजा, अभय, अंकित ,आरज़ू, अर्पित, शांतनु व अन्य समस्त सदस्य उपस्थित थे।
(रजत चौहान) हरिद्वार। भूपतवाला में आयोजित स्वामीविवेकानंद जनहित ट्रस्ट की एक बैठक में गंगापुत्र स्वामी सानंद के शरीर छोड़ने पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए यह निर्णय लिया कि जिस विषय (गंगा संरक्षण) पर संस्था पूर्व के 4 वर्षों से कार्य कर रही है उसे अब युद्ध स्तर से चलाया जाएगा। ट्रस्ट के सचिव गौतम खट्टर ओर बैठक की अध्यक्षता करते हुए आदित्य राणा ने अवगत करवाया की संस्था ने पूर्व से ही सरकार के समक्ष गंगा संरक्षण पर कानून बनाने, गंगा रक्षा फ़ोर्स का गठन करने और सभी नालो की जल्द टेपिंग के लिए कई बार पत्र लिखे उन्होंने बताया कि एक आर टी आई के अनुसार जो नाले सरकार के अभिलेखों में टेप है जबकि ऐसा है नही। भूपतवाला में लोकनाथ घाट में जाने वाला नाला जो कि सरकारी अभीलेखों में टेप है लेकिन पास की गंगधार में इसका गंदा पानी आज भी जाता है। इसके लिए कई बार जिलाधिकारी सहित मुख्यमंत्री और अधिशासी अभियंता को इसकी जानकारी दी विभाग को जानकारी देने के बाद कुछ समय तो पानी रुक जाता है लेकिन इसका कोई स्थायी समाधान नही होता है। ट्रस्ट के संस्थापक अध्यक्ष हिमांशु सरीन के अनुसार स्वामी की मृत्यु अत्यंत पीड़ादायी है और इस पीड़ा को कांग्रेस या भाजपा कोई नही समझ सकता हालाकिं इन दोनों दलों ने अपने अपने कार्यकाल में हरकीपौड़ी के जल को नदी घोषित करने में कोई कसर नही छोड़ी ओर तो ओर अपने ही किसी अनुष्ठान ओर पूजा पाठ के लिए खुद भी हरकी पौड़ी आते है। ट्रस्ट के समस्त पदाधिकारी जल्द ही इस विषय पर मुख्यमंत्री और राज्यपाल से मिलकर गंगा में जाने वाले नालो को रुकवाने की मांग रखेंगे। बैठक में अमित, आदित्य यादव, गोविंद, नितिन, बादल, दीपक, मंजू, राजा, अभय, अंकित ,आरज़ू, अर्पित, शांतनु व अन्य समस्त सदस्य उपस्थित थे।



Post A Comment:
0 comments so far,add yours