हरिद्वार की गूंज (24*7)
(रजत चौहान) हरिद्वार। उत्तराखंड मे दवाईयों की ब्रिकी पर सशर्त रोक लगाते हुए इनकी सामान्य ब्रिकी पर रोक लगा दी गई है। डाॅक्टर्स की सलाह के बिना अथवा पर्चे के बिना इन दवाओे की खरीद पर रोक लगाई गई है। ड्रग इंस्पेक्टर अनीता भारती के अनुसार प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार कोरोना वायरस संकट के चलते जनपद में सर्दी, जुखाम और बुखार की दवाइयों को प्रतिबंधित करते हुए इनकी सामान्य खरीद पर रोक लगाई गई है। डाक्टर्स के परामर्श तथा पर्चे के अनुसार ही इन दवाओं को खरीदा जा सकेगा। अनीता भारती ने बताया कि निर्देशों का पालन न करने तथा नियमों का उल्लंघन करने वाले मेडिकल स्टोर के खिलाफ सख्त कार्यवाही की जायेगी। उन्होने बताया कि जनपद मे मेडिकल स्टोर पर निगरानी कायम करते हुए प्रतिदिन बेची जा रही फ्लु की दवा के रिकार्ड भी तलब किये जा रहे है। आपको बताते चलें कि कोविड-19 संक्रमण के दौरान लक्षण से जुड़ी दवाइयों को लेकर स्वास्थ्य विभाग ने एक खास आदेश पारित किया हैं।
जिसका उददेश्य किसी व्यक्ति मे कोरोना के लक्षण दिखाई देने पर उसे नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र अथवा डाॅक्टर्स से सलाह लेने पर ही सर्दी, जुखाम और बुखार की दवाई उपलब्ध कराई जा सके, न कि कोई भी व्यक्ति सर्दी, जुकाम, बुखार होने पर दवाई खाकर खुद आश्वस्त हो सके, इससे संक्रमण की रफ्तार पर रोक लगाई जा सकेगी। ड्रग इंस्पेक्टर अनीता भारती के बताया कि ज्वालापुर में कुछ मेडिकल स्टोर की शिकायतों को देखते हुए निरीक्षण किया गया। जिसमे गौरव मेडिकल स्टोर के संबंध में मिल रही शिकायतों पर औचक निरीक्षण करने पर फर्म संचालक द्वारा आदेश का अनुपालन न करते हुए साइकोट्रापिक दवा के खरीद तथा ब्रिकी का रिकार्ड न दिखाने व बिना डॉक्टर के पर्चे के दवाईया बेची जा रही थी साथ-साथ मेडिकल पर सफाई व दवाईयों का रख रखाब भी ठीक नही था, ओर मेडिकल पर काफी लापरवाही बरती जा रही थी। ड्रग इंस्पेक्टर अनीता भारती द्वारा फर्म संचालक को चेतावनी देते हुए इन दवाओं की तत्काल ब्रिकी बंद करायी गई है। वही 10 दिन के भीतर लेन-देन संबंधी रिकार्ड प्रस्तुत करने के निर्देश दिये गये है। जवाबी कार्यवाही से संतुष्ट न होने पर औषधि एवं सौंदर्य प्रसाधन अधिनियम की संबंधित धाराओं मे  कार्यवाही की जायेगी।
Share To:

Post A Comment:

0 comments so far,add yours