हरिद्वार की गूंज (24*7)
(गगन शर्मा) हरिद्वार। उत्तराखंड में "ऑपरेशन स्माइल" निराश लोगो के चेहरे पर कैसे मुस्कान ला रही है ये हरिद्वार में उस समय देखने को मिला जब बिजनोर से आये सुरेश को उसका खोया पुत्र शिवम कई महीनों बाद मिला। उत्तराखंड के डी जी (क्राइम, लॉ एंड आर्डर) अशोक कुमार की मुहिम को सफल करते हुवे कॉन्स्टेबल देवेंद्र कुमार और उनके साथ हेड कॉन्स्टेबल पंचराम शर्मा दिन रात हरिद्वार में संदिग्ध चेहरों की तलाश में रहते हैं। हाल ही में इसी टीम को हरिद्वार बस स्टैंड पर एक घर से नाराज होकर आयी महिला को उसके छत्तीसगढ़ राज्य के पति साहू से मिलवाया था। इसी क्रम में एक बार फिर ऑपरेशन स्माइल टीम प्रथम हरिद्वार के सदस्यों द्वारा कुछ दिन पूर्व राजकीय बाल गृह रोशनाबाद हरिद्वार में जाकर वहां रह रहे गुमशुदा बच्चों से संपर्क किया। उनसे घुल मिलकर बातचीत की तो एक बालक द्वारा अपना नाम शिवम पुत्र सुरेश निवासी नूरपुर जिला बिजनौर बताया उक्त पते पर संपर्क किया गया तथा संबंधित थाने में संपर्क कर गुमशुदा के पिता के संबंध में जानकारी की गई तो पता चला कि उसका पुत्र तीन चार महीनों से गायब है। टीम द्वारा सुरेश को सूचना दी गई कि तुम्हारा पुत्र हमारे पास राजकीय बाल गृह में सुरक्षित है जिसे जल्दी आ कर ले जाओ। जिसके चलते सुरेश राजकीय बाल गृह में "ऑपरेशन स्माइल टीम" के साथ आया है जिसे बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष के समक्ष पेश कर उसके सुपुत्र को उसे उसकी सुपुर्दगी में दिया गया सुरेश द्वारा ऑपरेशन स्माइल टीम का बहुत-बहुत धन्यवाद दिया गया। उसने बताया कि वह काफी दिनों से अपने पुत्र के लिए परेशान हो रहा था वह ऑपरेशन स्माइल टीम के सदस्यों का धन्यवाद किया।
Share To:

Post A Comment:

0 comments so far,add yours