हरिद्वार की गूंज (24*7)
(आश्कार अली) हरिद्वार। 8 मार्च 2019 डेवलपमेंट अल्टरनेटिव्स और विलेज डेवलपमेंट सोसायटी संस्था के संयुक्त तत्वाधान में हरिद्वार जिले के भगवानपुर ब्लॉक में तारा अक्षर+ कार्यक्रम के द्वारा साक्षर हुई नवसाक्षर महिलाओं ने अंतराष्ट्रीय महिला दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया, इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राज्य मंत्री माननीय श्री विनोद आर्य जी (उपाध्यक्ष पशु कल्याण बोर्ड) नव साक्षर महिलाओं को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की शुभकामनाएं देते हुए डेवलपमेंट अल्टरनेटिव और विलेज डेवलेपमेंट सोसायटी का आभार व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री द्वारा चलाई जा रही योजनाओं के बारे में महिलाओं से पूछा और महिलाओं के जवाब से प्रभावित हुए। बेहतर शिक्षा प्राप्त करने पर नव साक्षर महिलाओं को उनके उज्जवल भविष्य की कामना की तथा अंत में तारा अक्षर कार्यक्रम की पूरी टीम का धन्यवाद किया, अति विशिष्ट अतिथि खंड शिक्षा अधिकारी श्री भिक्कम सिंह जी ने बताया कि भगवानपुर के सर्वे में 15904 महिलाएं निरक्षर हैं उनमें से लगभग 4000 महिलाएं अब तक तारा अक्षर में पढ़कर साक्षर हो गई है जो बहुत ही गर्व की बात है तारा अक्षर में पढ़ी महिलाओं को प्रोत्साहित कर आभार व्यक्त किया। तारा अक्षर के प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर राजीव पांडेय जी ने सभी को अंतराष्ट्रीय महिला दिवस की शुभकामनायें देते हुए कहा कि तारा अक्षर एक कम्प्यूटर आधारित साक्षरता कार्यक्रम है जो निरक्षर महिलाओं को 56 दिनों में हिन्दी पढ़ना-लिखना एवं गणित की मूलभूत जानकारी देता है। कार्यक्रम के द्वारा साक्षर होने के पश्चात नव साक्षर महिलाओं के लिए साक्षरता के कार्यात्मक अभ्यास कराने हेतु 6 माह के लिए ज्ञान चौपाली का संचालन किया जाता है। तारा अक्षर कार्यक्रम के द्वारा हरिद्वार जिले के भगवानपुर ब्लॉक में 3835 निरक्षर महिलाओं को साक्षर किया जा चुका है। वर्तमान में तारा अक्षर + कार्यक्रम के पांचवे शैक्षिक चक्र में 30 गाँवों में 1080 निरक्षर महिलायें पढ़ रही हैं, विलेज डेवलपमेंट सोसाइटी के सचिव श्री राजबहादुर सैनी जी ने अंतराष्ट्रीय महिला दिवस के बारे में बताते हुए कहा कि यह विशेष दिन महिलाओं का सम्मान करने और उनकी उपलब्धियों का उत्सव मनाने का दिन है। उन्होंने कहा कि आज तारा अक्षर से पढ़कर साक्षर हुई ऐसी ही नव साक्षर महिलाओं को सम्मान देने हेतु हम सब यहाँ इक्टठा हुए हैं। अंतराष्ट्रीय महिला दिवस समारोह में महिलाओं ने अंगूठे से कलम तक की यात्रा के अपने अनुभव साझा किये। लगभग 250 नव साक्षर महिलाओं ने साक्षरता से सशक्त होने की यात्रा को उत्सव की तरह मनाया। तारा अक्षर+ कार्यक्रम के चीफ प्रोजेक्ट मैनेजर कर्नल एम.एस. आहलूवालिया ने कार्यक्रम के आयोजन के लिए टीम को बधाई सन्देश तथा नवसाक्षर महिलाओं को अंतराष्ट्रीय महिला दिवस की शुभकामनायें भेजीं। ब्लॉक कोऑर्डिनेटर पारस सैनी ने समारोह में आए हुए लोगों के प्रति आभार एवं धन्यवाद ज्ञापित किया। इस अवसर पर अपर तहसीलदार श्री रमेश चंद जी, राजकीय प्राथमिक विद्यालय सिकरोड़ा कि सहायक अध्यापिका श्रीमती संगीता जी ,सहायक अध्यापक प्रीतम सिंह जी तारा अक्षर+ कार्यक्रम के सीनियर सुपरवाइजर मुईद आलम, सुपरवाइजर तालिब अली, रविंदर कुमार,अम्मार हुसैन, विशाल गंगा, फैसिलिटेटर विपिन कुमार ,विनेश कुमार ,गगन शर्मा, सचिन सैनी ,राहुल कुमार, प्रशिक्षक आरजू राठौर ,ऋतु सैनी, अंजु सैनी, रेनू सैनी, कुलसुम, अजराफा, हिना, सोनम, संगीता, अर्शिया और अलग-अलग गांव की 300 महिलाएं आदि उपस्थित रहे।
(आश्कार अली) हरिद्वार। 8 मार्च 2019 डेवलपमेंट अल्टरनेटिव्स और विलेज डेवलपमेंट सोसायटी संस्था के संयुक्त तत्वाधान में हरिद्वार जिले के भगवानपुर ब्लॉक में तारा अक्षर+ कार्यक्रम के द्वारा साक्षर हुई नवसाक्षर महिलाओं ने अंतराष्ट्रीय महिला दिवस हर्षोल्लास के साथ मनाया, इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राज्य मंत्री माननीय श्री विनोद आर्य जी (उपाध्यक्ष पशु कल्याण बोर्ड) नव साक्षर महिलाओं को अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस की शुभकामनाएं देते हुए डेवलपमेंट अल्टरनेटिव और विलेज डेवलेपमेंट सोसायटी का आभार व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री द्वारा चलाई जा रही योजनाओं के बारे में महिलाओं से पूछा और महिलाओं के जवाब से प्रभावित हुए। बेहतर शिक्षा प्राप्त करने पर नव साक्षर महिलाओं को उनके उज्जवल भविष्य की कामना की तथा अंत में तारा अक्षर कार्यक्रम की पूरी टीम का धन्यवाद किया, अति विशिष्ट अतिथि खंड शिक्षा अधिकारी श्री भिक्कम सिंह जी ने बताया कि भगवानपुर के सर्वे में 15904 महिलाएं निरक्षर हैं उनमें से लगभग 4000 महिलाएं अब तक तारा अक्षर में पढ़कर साक्षर हो गई है जो बहुत ही गर्व की बात है तारा अक्षर में पढ़ी महिलाओं को प्रोत्साहित कर आभार व्यक्त किया। तारा अक्षर के प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर राजीव पांडेय जी ने सभी को अंतराष्ट्रीय महिला दिवस की शुभकामनायें देते हुए कहा कि तारा अक्षर एक कम्प्यूटर आधारित साक्षरता कार्यक्रम है जो निरक्षर महिलाओं को 56 दिनों में हिन्दी पढ़ना-लिखना एवं गणित की मूलभूत जानकारी देता है। कार्यक्रम के द्वारा साक्षर होने के पश्चात नव साक्षर महिलाओं के लिए साक्षरता के कार्यात्मक अभ्यास कराने हेतु 6 माह के लिए ज्ञान चौपाली का संचालन किया जाता है। तारा अक्षर कार्यक्रम के द्वारा हरिद्वार जिले के भगवानपुर ब्लॉक में 3835 निरक्षर महिलाओं को साक्षर किया जा चुका है। वर्तमान में तारा अक्षर + कार्यक्रम के पांचवे शैक्षिक चक्र में 30 गाँवों में 1080 निरक्षर महिलायें पढ़ रही हैं, विलेज डेवलपमेंट सोसाइटी के सचिव श्री राजबहादुर सैनी जी ने अंतराष्ट्रीय महिला दिवस के बारे में बताते हुए कहा कि यह विशेष दिन महिलाओं का सम्मान करने और उनकी उपलब्धियों का उत्सव मनाने का दिन है। उन्होंने कहा कि आज तारा अक्षर से पढ़कर साक्षर हुई ऐसी ही नव साक्षर महिलाओं को सम्मान देने हेतु हम सब यहाँ इक्टठा हुए हैं। अंतराष्ट्रीय महिला दिवस समारोह में महिलाओं ने अंगूठे से कलम तक की यात्रा के अपने अनुभव साझा किये। लगभग 250 नव साक्षर महिलाओं ने साक्षरता से सशक्त होने की यात्रा को उत्सव की तरह मनाया। तारा अक्षर+ कार्यक्रम के चीफ प्रोजेक्ट मैनेजर कर्नल एम.एस. आहलूवालिया ने कार्यक्रम के आयोजन के लिए टीम को बधाई सन्देश तथा नवसाक्षर महिलाओं को अंतराष्ट्रीय महिला दिवस की शुभकामनायें भेजीं। ब्लॉक कोऑर्डिनेटर पारस सैनी ने समारोह में आए हुए लोगों के प्रति आभार एवं धन्यवाद ज्ञापित किया। इस अवसर पर अपर तहसीलदार श्री रमेश चंद जी, राजकीय प्राथमिक विद्यालय सिकरोड़ा कि सहायक अध्यापिका श्रीमती संगीता जी ,सहायक अध्यापक प्रीतम सिंह जी तारा अक्षर+ कार्यक्रम के सीनियर सुपरवाइजर मुईद आलम, सुपरवाइजर तालिब अली, रविंदर कुमार,अम्मार हुसैन, विशाल गंगा, फैसिलिटेटर विपिन कुमार ,विनेश कुमार ,गगन शर्मा, सचिन सैनी ,राहुल कुमार, प्रशिक्षक आरजू राठौर ,ऋतु सैनी, अंजु सैनी, रेनू सैनी, कुलसुम, अजराफा, हिना, सोनम, संगीता, अर्शिया और अलग-अलग गांव की 300 महिलाएं आदि उपस्थित रहे।



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