हरिद्वार की गूंज (24*7)
 |
|
(इमरान देशभक्त) पीरान कलियर/रुडकी। ऑल इण्डिया सर्वधर्म त्यौहार कमेटी के अध्यक्ष व उर्स कार्यक्रम आयोजन समिति के संयोजकव शायर अफ़ज़ल मंगलौरी ने जिलाधिकारी हरिद्वार से मांग की है कि 753-वें उर्स के अवसर दरगाह की परंपराएं पहले की तरह ही जारी रखी जाएँ तथा सूफियों एवं मस्त मलंगों के लंगर को पूर्व की भांति तुरन्त शुरू किया जाय। उन्होंने फोन पर जिलाधिकारी विनय शंकर पांडेय को अवगत कराया कि कोरोना की आड लेकर कुछ अधिकारी प्रशासन को भृमित कर रहे हैं और उर्स की रसूमात में बाधा डाल कर जायरीन व श्रद्धालुओं की भावनाओं से खिलवाड़ कर रहे हैं।अंतरराष्ट्रीय शायर मंगलौरी ने कहा कि विगत चार वर्ष पूर्व भी उर्स में इसी प्रकार की रुकावट पैदा कर प्रशासन को भृमित किया गया था, जिस कारण सूफियों और आत्मघाती मलंगों ने दरगाह के कार्यालय में ताला डाल कर खून-खराबा कर दिया था, जिसके परिणाम स्वरूप तत्कालीन ज्वाइंट मजिस्ट्रेट श्रीमती नितिका खंडेलवाल ने सूफ़ीयों व मलंगों का लंगर व अन्य सुविधाएं लिखित रुप में मान कर जारी कर दी थीं।मंगलौरी ने मांग की कि पुराने लिखित समझौते की प्रति के अनुसार मलंगों व सूफियों की सुविधाएं व लंगर जारी किया जाय।उन्होंने कहा कि उर्स मुशायरा व महफ़िल-ए-किरात अगर प्रशासन की ओर से नहीं किया जाता तो वह उर्स की परंपराओं को जारी रखते हुए तमाम कार्यक्रम अपने स्तर पर आयोजित करेंगे। उन्होंने कलियर विधायक हाजी फुरकान अहमद के सूफियों के समर्थन में धरने पर बैठने का भी स्वागत किया।
Post A Comment:
0 comments so far,add yours